तनवीर
भारत में इलेक्ट्रोहोम्योपैथी के पुरोधा व प्रेरणा स्रोत रहे हैं डा.सिन्हा-डा.केपीएस चौहान
हरिद्वार, 30 नवम्बर। इएमए कैम्पस बालाजी इंस्टीट्यूट ऑफ अल्टरनेटिव मेडिकल साइंस एंड कैंसर रिसर्च सेंटर अलीपुर बहादराबाद में इलेक्ट्रोहोम्योपैथी के प्रेरणा स्रोत कानपुर के स्व.डा.नन्दलाल सिन्हा की 136वीं जन्म जयंती इलेक्ट्रोहोम्योपैथी दिवस के रुप में मनाई गयी। कार्यक्रम को संबोधित करत हुए इएमए के राष्ट्रीय अध्यक्ष डा.केपीएस चौहान ने कहा कि डा.एन.एल सिन्हा का जन्म 30 नवम्बर 1889 को कानपुर में हुआ था। डा.सिन्हा ने 1911 में सीतापुर उत्तरप्रदेश में पृथम इलेक्ट्रोहोम्योपैथी इंस्टीट्यूट संचालित कर इस पैथी की शिक्षा दिक्षा दी।
तत्पश्चात 1920 में नेशनल यूनिवर्सिटी आफ इलेक्ट्रो कामप्लैक्स होम्योपैथी कानपुर में स्थापित की तथा इलेक्ट्रोहोम्यापैथी का प्रचार प्रसार, चिकित्सा एवं शिक्षा का कार्य करते हुए 1979 में इनका देहान्त हो गया। डा.चौहान ने कहा कि डा. सिन्हा भारत मे इलेक्ट्रोहोम्योपैथी के पुरोधा व प्रेरणा स्रोत रहे हैं। आज हम सब डा.सिन्हा के ऋणी है और कृतज्ञता के साथ उनके बताये मार्ग पर चलने का प्रयास कर रहे है। इस अवसर पर डा.ऋचा आर्य, डा.वीएल अल्खनिया, डा.हीना कुशवाहा, नीलम भारती, डा.एसके अग्रवाल, अशोक कुशवाहा, डा.आदेश शर्मा, डा.हरबंश सिंह, डा.अमरपाल अग्रवाल, डा.विक्रम चौहान, डा.एमटी अंसारी, डा.राकेश, डा.चांद उस्मान, डा.अरसलान, डा.बीबी कुमार, डा. गुलाम साबिर, डा.आफाक आदि मौजूद रहे।


