तनवीर
हरिद्वार, 14 दिसम्बर। कुशाघाट स्थित श्री दत्तात्रेय शिव मन्दिर में भगवान दत्तात्रेय का जन्मोत्सव धूमधाम से मनाया गया। मन्दिर के पुजारी धर्मानन्द कोठारी ने बताया कि भगवान् बह्मा विष्णु एवं शिव के संयुक्तावतार भगवान् दत्तात्रेय ने कुशाघाट पर दस हजार वर्ष तक एक पांव पर खडे रहकर जगत्कल्याण के लिए घोर तप किया था। भगवान् दत्तात्रेय ने अपने जीवन में 24 गुरुओं को धारण किया। जिनसे वह किसी न न किसी रूप में ज्ञान प्राप्त करते रहे।
भगवान् दत्तात्रेय का जीवन मानव मात्र के लिये प्रेरणादायी है। भगवान दत्तात्रेय का जप ध्यान पूजन करने से मानवमात्र का शीघ्र ही कल्याण हो जाता है। इस अवसर पर पुरोहित समाज द्वारा भण्डारा प्रसाद वितरित किया गया। आयोजनकर्ताओं में अजय पाराशर, दीपक कोठारी, कपिल पाराशर, घनश्याम कोठारी, वासु पाराशर, अभिषेक सिखौला, मनीष झा, भूपेश पाठक, सत्यम मिश्रा आदि शामिल रहे।


