तनवीर
हरिद्वार, 13 मार्च। बीएचईएल की हरिद्वार यूनिट द्वारा निर्मित 5 मेगावाट सौर ऊर्जा संयंत्र का केंद्रीय भारी उद्योग एवं इस्पात मंत्री एच.डी. कुमारस्वामी ने लोकार्पण किया। इस दौरान बीएचईएल के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक के.सदाशिव मूर्ति, हरिद्वार इकाई के कार्यपालक निदेशक रंजन कुमार भी मौजूद रहे। एचडी कुमारस्वामी ने कहा कि भारत सरकार स्वच्छ ऊर्जा और पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए निरंतर प्रयासरत है। उन्होंने बीएचईएल द्वारा हरित ऊर्जा के क्षेत्र में किए जा रहे प्रयासों की भी सराहना की।
भेल के अध्यक्ष के. सदाशिव मूर्ति ने कहा कि सोलर पावर प्लांट हरित ऊर्जा के क्षेत्र में बीएचईएल का एक महत्वपूर्ण कदम है। हद्विार इकाई के कार्यपालक निदेशक रंजन कुमार ने बताया कि इस संयंत्र से प्राप्त बिजली संस्थान की आंतरिक ऊर्जा आवश्यकताओं को पूरा करने में सहायक होगी। कुमारस्वामी ने बीएचईएल की हरिद्वार इकाई द्वारा निर्मित 53वीं एसआरजीएम नेवल गन को भी हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। उन्होंने कहा कि नेवल गन रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भर भारत के लक्ष्य को साकार करने की दिशा में एक अहम कदम है। उल्लेखनीय है कि यह नेवल गन 35 किलोमीटर के दायरे में हवा और पानी में विभिन्न प्रकार के लक्ष्यों को भेद सकती है।
इसके अलावा उन्होंने बीएचईएल हरिद्वार की सीएफएफपी इकाई में 30 टन इलेक्ट्रिक आर्क फर्नेस का भी उद्घाटन किया और कहा कि बीएचईएल द्वारा स्थापित यह फर्नेस देश के भारी उद्योग क्षेत्र की आवश्यकताओं को पूरा करने में उपयोगी साबित होगी। अत्याधुनिक इलेक्ट्रिक आर्क फर्नेस से उच्च गुणवत्ता वाले स्टील के उत्पादन में मदद मिलेगी। जिससे बड़े आकार के कास्टिंग एवं फोर्जिंग की गुणवत्ता और दक्षता में भी उल्लेखनीय सुधार होगा। केंद्रीय मंत्री ने अडानी पावर लिमिटेड के रायपुर प्रोजेक्ट की यूनिट-1 के लिए निर्मित 800 मेगावॉट क्षमता के टीजी स्टेटर को भी हरी झंडी दिखाकर रवाना किया और इसे स्टेटर के सफल निर्माण एवं डिस्पैच को बीएचईएल की तकनीकी उत्कृष्टता का एक नायाब नमूना बताया।
उल्लेखनीय है कि यह स्टेटर अत्याधुनिक तकनीक और उच्च गुणवत्ता मानकों के अनुरूप तैयार किया गया है। कुमारस्वामी ने बीएचईएल कर्मचारियों के साथ विभिन्न विषयों पर संवाद भी किया। इस अवसर पर भेल के महाप्रबंध, वरिष्ठ अधिकारी, यूनियन एवं एसोसिएशन के प्रतिनिधि तथा बड़ी संख्या में कर्मचारी मौजूद रहे।


