हरिद्वार, 14 अगस्त। उत्तराखण्ड क्रांति दल कार्यकर्ताओं ने पार्टी के प्रथम अध्यक्ष स्वर्गीय देवीदत्त पंत के 107वें जन्मदिवस पर उनके चित्र पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी और राज्य गठन की अवधाराण को पूरा करने का संकल्प लिया। इस अवसर पर वरिष्ठ राज्य आंदोलनकारी रविंद्र वशिष्ठ ने कहा कि उत्तराखंड के अलग राज्य बनने के बाद भी राज्य के लोगों की आकांक्षाएं पूरी नहीं हो पायी। उन्होंने कहा कि उक्रांद का प्रत्येक कार्यकर्ता स्व.देवीदत्त पंत की राज्य गठन की अवधारणा को धरातल पर उतारने के लिए संकल्पबद्ध है।
चौधरी बृजवीर सिंह ने कहा कि स्व.देवीदत्त पंत ने इको-फ्रेण्डली एवं समृद्ध उत्तराखण्ड बनाने की मुहिम को लेकर कुमाऊं विश्वविद्ध्यालय और उक्रांद की स्थापना की थी। सरिता पुरोहित ने कहा कि स्व.देवीदत्त पंत महिलाओं के सशक्तिकरण के पक्षधर थे। प्रदीप उपाध्याय ने कहा कि स्व.देवीदत्त पंत ने यूकेडी की स्थापना करते हुए उत्तराखण्ड राज्य आन्दोलन की नींव रखी और सभी तत्कालीन पदाधिकारियों को उत्तराखंड की जवानी, पानी और जंगल को बचाने की बचाने का संकल्प दिलाया था। आज भी यूकेडी कार्यकर्ता इस संकल्प के साथ ही अपनी मुहिम को आगे बढ़ा रहे हैं।
रानीपुर विधानसभा क्षेत्र अध्यक्ष विशाल धीमान ने कहा कि पंत जी उत्तराखंड के युग पुरुष थे। इस अवसर अर्जुन बत्रा, राजकुमार, वैद्य रामसिंह चौहान, देवेंद्र गैरोला सहित कई कार्यकर्ता मौजूद रहे।


