राकेश वालिया
हरिद्वार, 9 जुलाई। मां गंगा के संरक्षण संवर्द्धन को लेकर सभी की सहभागिता जरूरी है। गौ गंगा धाम ट्रस्ट के अध्यक्ष स्वामी निर्मलदास महाराज ने कहा कि मात्र गंगा के आचमन से ही मनुष्य का शुद्धिकरण हो जाता है। उन्होंने कहा कि गंगा को अविरल, स्वच्छ, निर्मल बनाए रखने के लिए सभी की सहभागिता जरूरी है। लाखों करोड़ो लोगों की भावनाएं मां गंगा से जुड़ी हुई हैं। उन्होंने लोगों से आह्वान करते हुए कहा कि गंगा घाटों को स्वच्छ निर्मल बनाए रखें। गंगा में मैले कुचेले पदार्थ ना डालें, पॉलीथीन पन्नियां घाटों पर ना फैलाएं। पुराने कपड़े गंगा घाटों पर ना फेंके। उन्होंने शिवभक्त कांवड़ियों से भी अपील करते हुए कहा कि मां गंगा के घाटों को स्वच्छ रखना प्रत्येक शिवभक्त का कर्तव्य होना चाहिए।
मां गंगा को निर्मल स्वच्छ बनाए रखने में सभी की सहभागिता सुनिश्चित की जाए। हरकी पैड़ी और अन्य घाटों पर सफाई का ध्यान रखने की आवश्यक्ता है। उन्होंने राज्य के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से अपील करते हुए कहा कि गंगा से जुड़ी योजनाओं का संचालन बेहतर तरीके से किया जाना चाहिए। हजारों की संख्या में लोग गंगा आरती में हिस्सा लेते हैं। विशेषकर उन लोगों का भी दायित्व बनता है कि गंगा के प्रति आस्था रखते हुए गंगा को स्वच्छ निर्मल बनाए रखें।
उन्होंने तारा बाबा घाट पर मां गंगा की विशेष आरती पूजन कर विश्व कल्याण की कामना की और हाथरस में भगदड़ में मरने वालों को श्रद्धांजलि दी। उन्होंने श्रद्धालु भक्तों को गंगा के प्रति आस्था के लिए जागरूक किया। इस अवसर पर सचिव महंत धर्मदास, स्वामी रविदेव शास्त्री, स्वामी सुतिक्ष्ण मुनि, स्वामी दिनेश दास, पुजारी अजीत त्रिपाठी, स्वामी हरिहरानंद, स्वामी कपिल मुनि आदि मौजूद रहे।


