कमल खड़का
हरिद्वार, 7 जून। मेयर प्रतिनिधि संगम शर्मा ने सरकार से किसानों को बेमौसम बारिश व ओलावृष्टि से खराब हुई फसलों का तत्काल मुआवजा देने की मांग की है। संगम शर्मा ने मांग करते हुए कहा कि कोरोना संकट के बीच पहले से ही आर्थिक तंगी का सामना कर रहे किसानों को बेमौसम बारिश व ओलावृष्टि से फसलें खराब होने पर भारी नुकसान उठाना पड़ा है। इससे कर्ज के बोझ तले दबे किसान गहरे संकट में फंस गए हैं। ऐसे में सरकार को तत्काल राहत उपायों की घोषणा करते हुए खराब हुई फसलों का मुआवजा देना चाहिए।
जिससे किसानों को राहत मिल सके। उन्होंने कहा कि मिलों पर बकाया चल रहा गन्ना भुगतान भी जल्द से जल्द किया जाए। किसान वैश्विक महामारी कोरोना से जूझ रहा है। केंद्र सरकार द्वारा की गयी राहत की घोषणाएं किसानों के लिए नाकाफी हैं। संगम शर्मा ने कहा कि कर्ज के तले दबा किसान केंद्र व राज्य सरकारों से नकद राहत चाहता है। बेमौसम बरसात व ओलावृष्टि से किसानों की फसलें बर्बाद हो चुकी हैं। लेकिन केंद्र एवं राज्य की सरकारें इस ओर कोई कदम नहीं उठा रही हैं। देश का किसान भूखे मरने की कगार पर पहुंच गया है। किसानों की हालत दिन प्रतिदिन खराब होती जा रही है। केंद्र सरकार द्वारा की गयी घोषणाएं राज्यों में प्रभावी रूप से लागू नहीं हो पा रही हैं।
राज्य की त्रिवेंद्र सरकार किसानों को कोई राहत नहीं दे पा रही है। किसान आत्महत्या करने पर मजबूर है। किसानों के परिवार आर्थिक व मानसिक परेशानियों से जूझ रहे हैं। कोरोना काल में किसानों के लिए विशेष आर्थिक पैकेज की घोषणा सरकार को जल्द से जल्द सरकार को करनी चाहिए। विपक्ष लगातार किसानों की मांगों को उठाता चला आ रहा है। लेकिन देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी किसानों को तुरंत राहत देने वाली घोषणाओं पर चुप्पी साधे हुए है। वैश्विक महामारी कोरोना के कारण छोटे मझोले किसान भी अपनी सब्जियां, फल, व बाजारों में बिकने वाली खाद्य सामग्री के सही दाम भी किसानों को नहीं मिल पा रहे हैं। संगम शर्मा ने केंद्र सरकार व राज्य सरकार से मांग की कि किसानों की आर्थिक दशा को देखते हुए जल्द से जल्द बड़े मुआवजे की घोषणा कर सरकार को किसानों को राहत देनी चाहिए।


